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» जीवन में प्रेम प्यार और इन्सानियत को जगह दो न की गुस्सा , नफरत और गलत विचारों को
जीवन में प्रेम प्यार और इन्सानियत को जगह दो न की गुस्सा , नफरत और गलत विचारों को
जीवन में अगर आप आगे बढ़ना चाहते हो तो आपको पानी की तरह होना पड़ेगा आपको जिस भी परस्थिति में जीना पड़े आपको हार नहीं माननी चाहिये। अगर आपका कोई बुरा भी करता है तो भी आपको उसे हँसते हुए सहना चाहिये और माफ़ करते आगे बढ़ता रहना चाहिये।
एक बहुत ही महान संत गरू गुरमीत राम रहीम जो की डेरा सच्चा सौदा सिरसा के प्रमुख है उनके विचार और वचन है की अगर कोई आपके बारे में गलत बोलते है तो वो अपने कर्मो की मार से और मन के हाथो मजबूर होकर ऐसा कर जाते है और जो भी गलत वो आपके बारे में बोलते है तो वो आपकी बुरे कर्मो को खत्म कर रहे है और खुद की झोली में डाल रहे है। नफरत और गुस्से से आप को कुछ भी हासिल नहीं होता है बल्कि जो आपके पास है वो भी आप गवा देते हो।
में शुक्र गुजार हूँ एसे संत का जिन्होंने हमे एसे प्रेम के रास्ते पर चलाया जिस से हम मानवता की बात कर सकते है गुरु जी आगे फरमाते है की अगर आपको अपने आप पर और अपने भगवान पर विश्वास है तो हो नहीं सकता की कोई आपका कुछ भी बुरा कर सके। इस कलयुग में किसी का कोई भरोसा नहीं है की कोन कब मन के हाथो मजबूर होकर अपनी करी करवाई भग्ति सेवा को कब भूल जाए और सब ख़ाक में मिला दे और आम तोर पर गुरु जी सत्संग में आम फरमाते है की अगर आप किसी को बुरा बोलते हो या बुरा बोलने वाले के साथ भी देते हो तो आप पाप के भागीदार बन जाते हो तो हमे इन वचनो पर पुरा पुरा अमल करना चाहिये और कभी कभी तो संत जी यहाँ तक कह देते है की :-
" तो आप जीवन में प्रेम प्यार और इन्सानियत को जगह दो न की गुस्सा , नफरत और गलत विचारों को "
एक बहुत ही महान संत गरू गुरमीत राम रहीम जो की डेरा सच्चा सौदा सिरसा के प्रमुख है उनके विचार और वचन है की अगर कोई आपके बारे में गलत बोलते है तो वो अपने कर्मो की मार से और मन के हाथो मजबूर होकर ऐसा कर जाते है और जो भी गलत वो आपके बारे में बोलते है तो वो आपकी बुरे कर्मो को खत्म कर रहे है और खुद की झोली में डाल रहे है। नफरत और गुस्से से आप को कुछ भी हासिल नहीं होता है बल्कि जो आपके पास है वो भी आप गवा देते हो।
में शुक्र गुजार हूँ एसे संत का जिन्होंने हमे एसे प्रेम के रास्ते पर चलाया जिस से हम मानवता की बात कर सकते है गुरु जी आगे फरमाते है की अगर आपको अपने आप पर और अपने भगवान पर विश्वास है तो हो नहीं सकता की कोई आपका कुछ भी बुरा कर सके। इस कलयुग में किसी का कोई भरोसा नहीं है की कोन कब मन के हाथो मजबूर होकर अपनी करी करवाई भग्ति सेवा को कब भूल जाए और सब ख़ाक में मिला दे और आम तोर पर गुरु जी सत्संग में आम फरमाते है की अगर आप किसी को बुरा बोलते हो या बुरा बोलने वाले के साथ भी देते हो तो आप पाप के भागीदार बन जाते हो तो हमे इन वचनो पर पुरा पुरा अमल करना चाहिये और कभी कभी तो संत जी यहाँ तक कह देते है की :-
" गुरु को तो मानता हूँ पर गुरु की नहीं मानता हूँ "
हम जीवन में जो कुछ भी आज करते है उसका प्रभाव हमारे आने वाले कल पर अवस्य ही पड़ता है तो हमे आज जीवन के रास्ते में ऐसे पेड़ उगाने चाहिये जिस का फल और छाया हमें भविष्य में मिल सके। किसी को नीचा दिखा कर या उसे गलत बोल कर आप खुस नहीं हो सकते है जीवन में घर से सब खुशिया चली जाती है जीवन एक बोझा ढोने के सिवाय कोई काम नहीं आता है।" तो आप जीवन में प्रेम प्यार और इन्सानियत को जगह दो न की गुस्सा , नफरत और गलत विचारों को "
Poonia4India: जीवन में प्रेम प्यार और इन्सानियत को जगह दो न की गुस्सा , नफरत और गलत विचारों को#MSGHonorToHumanityhttps://t.co/fJRfuVod2G— Poonia4India ® (@SPoonia777) April 27, 2016
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